Search This Blog

Friday, May 4, 2012

श्रद्धांजलि के जरिए

दोस्तो
 मैंने अरुण सागर की पूज्य माताजी के स्वर्गवासी होने पर एक  पोस्ट डाली थी। जवाब में करीब 250 प्रतिक्रियाएं आईं। भाई पीयूष चतुर्वेदी,रजनीकांत राजू और प्रकाश प्रलय ने भी उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दीं। इससे लगा कि हम लोग सोशल-साइट के जरिए भी कितनी शिद्दत से आपस में जुड़े हैं। अपनेपन का यह मूल्य ही हमारी दौलत है। हमें इसे सहज कर रखना है। रखना भी चाहिए। जयहिंद..
पंडित सुरेश नीरव
Post a Comment