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Tuesday, September 6, 2011

जय गणेश -------

जय गणेश ------
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हे गौरी नन्दन ,
श्री गणेश ,
शत शत वन्दन -----
आप दुनिया में छा गये ---
प्रथ्वी का चक्कर छोड़ ,
माँ-बाप का चक्कर लगा
खूब यश पा गये ---------
जबकि आज के
गोबर -गणेश
अत्याधुनिक बच्चे
माँ -बाप को
लजा रहे हैं -------
दर दर के
चक्कर लगवा रहे हैं -------
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प्रकाश प्रलय कटनी ------------
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जय गणेश जय अन्ना ---
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