There was an error in this gadget

Search This Blog

Thursday, March 3, 2011

ये दिमाग योगीजी की ही है



चाहे मूर्ति निर्माण हो या पंडित सुरेश नीरव का किताबीकरण मैं जानता हूं कि इन सारे कारनामों के पीछे किसका दिमाग चल रहा है।दिमाग है भी आला दर्ज़े का। तय इतना आला दर्जे का दिमाग प्रशांत योगी धर्मशालावाले के अलावा और किसका हो सकता है।योगीजी के कमाल की चर्चा जगदीश परमारजी ने भी की थी,मुकेश परमार भी करते हैं।
मुकेश परमार
Post a Comment