There was an error in this gadget

Search This Blog

Monday, March 26, 2012

भये प्रकट प्रकाशा

देखिए इस वृक्ष की शाखाओं ने गणेशजी की प्रतिमा बना दी है,वह भी हवा में।
बहुत दिनों बाद भाई प्रकाश प्रलय पुनः ब्लॉग पर अवतरित हुए हैं। उनके लिए मैं यही कहूंगा-

भये प्रकट प्रकाशा
ले नई आशा
और शब्दिका प्यारी
हर्षित संसारी
नर और नारी
की हितकारी
कटिन बदन नव भाषा
भये प्रकट प्रकाशा
ले नई आशा..।
पंडित सुरेश नीरव
Post a Comment