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Thursday, February 25, 2010

लतीफे-लतीफे-लतीफेलतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफेलतीफे-लतीफे-लतीफेलतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे लतीफे
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पति (पत्नी से)- तुम कौन हो?

पत्नी (पति से)- अब तुम अपनी पत्नी को भी भूल गए?

पति- नशा हर गम को भुला देता है।

संता- यार प्यार का इजहार करने के लिए सबसे अच्छी जगह क्या होगी?

बंता- मंदिर

संता- क्यों?

बंता- क्योंकि वहां लड़की चप्पल उतार के जाती है।

रामू (डॉक्टर से)- डाक्टर साहब, ये फूलों की माला किस लिए है?

डॉक्टर (रामू से)- यह मेरा पहला ऑपरेशन है सफल हुआ तो मेरे लिए नहीं तो, तुम्हारे लिए।

आज मैंने एक जान बचायी, पूछो कैसे?

एक भिखारी से मैंने पूछा 1000 का नोट दूं तो क्या करेगा?

वो बोला खुशी से मर जाऊंगा!

तो मैंने उसे पैसे नही दिये...!

वो कौन सी बात है जो हजारों साल पहले भी विद्यार्थी कहते थे, आज भी कहते हैं और कयामत तक कहेंगे?

बस कल से पढ़ाई शुरु.
प्रस्तुतिः मधु मिश्रा

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