Search This Blog

Tuesday, May 10, 2011

बेचारी जनता ही मरेगी

"देश एक तरबूज है,
नेता इस पर छुरी है
राजनीति इसकी धुरी है ...
छुरी जब भी तरबूज पर गिरेगी
बेचारी जनता ही मरेगी ll"

-प्रेमकिशेर पटाखा
Post a Comment